Tuesday, July 12, 2016

काफी दिनों बाद

पिछले वर्ष भारत से कनाडा स्थानांतरित हुआ| भारत से निकल कर कनाडा में आना काफी रोचक अनुभव रहा है|
पहली भिन्नता तो यही है की यहाँ की जनसंख्या काफी कम है| वैंकूवर शहर में चीनी मूल के लोगकाफी अधिक संख्या में हैं|
परन्तु ख़ास बात है यहाँ का प्राकृतिक सौंदर्य| आप कहीं भी खड़े हो जाइये,  पर्वत, समुद्र या बर्फ आपको ज़रूर दिखेगी|
इस नगर में अंतर्राष्ट्रीय संस्कृति और कला की बहुत सी संस्थाएं है| एक्टिंग, संगीत, योग, नृत्यकला इत्यादि सीखने-सिखाने के बहुत से अवसर हैं|
एक और खासियत है यहाँ पर एक ही जगह पर दर्ज़नों देशों के लोग मिल जाते हैं| शायद मैंने किसी भी जगह एक साथ इतने देशों के लोग अभी तक नहीं देखे|

एक और बात है - कुछ दिनों पहले एक जाने पहचाने हिंदी ब्लॉगर के परिवार के एक सदस्य के साथ अचानक मिलना हुआ!  इससे काफी दिनों बाद हिंदी में लिहने ही इच्छा जागी|
आशा है आने वाले दिनों में आप लोगों से और विचार और समाचार साझा कर सकूंगा|
तब तक के लिए विदा|


Saturday, April 23, 2016

कनाडा की लाइफ़

क़रीब ८ महीने से मैं कनाडा में रहने लगा हूँ। यहाँ का मौसम फिर पुरसुकून होने लगा है। यह पहली बार है कि मैंने एक ही जगह पर बीच और स्नो एक साथ देखी है!
कभी कुछ फ़ोटोज़ पोस्ट करूँगा ! आशा है मौसम और ख़ुशनुमा होगा आने वाले दिनों में।
इस शहर की सांस्कृतिक विविधता काफ़ी अचंभित कर देती है। 

Sunday, January 24, 2016

सुविचार

त्वमादि देवः पुरुषः पुराण स्त्वमस्य विश्वस्य परं निधानम्।
वेत्तासि वेद्यं च परं च धाम त्वया ततं विश्व मनन्तरूप॥


Monday, July 06, 2015

बचपन की पुस्तकें

क्या आपको अपने बाल्यकाल की कुछ पुस्तकें याद हैं? मुझे कुछ पुस्तकें याद आती हैं जो की अब कहीं भी मिलनी मुश्किल हैं| ये पुस्तकें मेरे ताऊजी, पिताजी या मेरे बड़े भाई की थीं|
ये पुस्तकें हैं:
१. सुमन-संचय : हिंदी काव्य
२. सामान्य ज्ञान कोष
३. भाषा भाष्कर
४. जयद्रथ वध
...इत्यादि

यदि आपको भी बचपन की कुछ पुस्तकें याद आ रही हों, तो ज़रूर लिखें!


क्या लिखूं?

यह वही प्रश्न है जो कि मैंने अपनी पहली पोस्ट में पूछा था! समझ में नहीं आता था की लोग आखिर ब्लॉग में क्या/क्यूं लिखते है?
अपने विचार बताइए - आखिर आजकल आप लोग क्या लिख रहे हैं?
पिछले ४ वर्षों से तो मैं अपना अधिकतर ऑनलाइन समय फेसबुक पर व्यतीत कर रहा था| इस पब्लिक फोरम पर वापस आने का फिर से मन हुआ है| कुछ विचार आ रहे हैं आप लोगों से शेयर करने के लिए जो की अगले कुछ दिनों में साझा करेंगे...